संध्या ने डाला

नभ की कड़ाही में

लाल मसाला !

#अलंकार_आच्छा


रावण हँसा
सीता ने जब लांघी
लक्ष्मण-रेखा !

#अलंकार_आच्छा


थोड़ा ही बचा
कनस्तर में आटा,
पानी पीती माँ !

#अलंकार_आच्छा


मैया ने डाँटा,
चिढ़ा रहा है भैया,
रूठी बहना !

#अलंकार_आच्छा

Comments

Popular posts from this blog

हाइकु - एक परिचय